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प्रेम,सुरक्षा और कर्तव्य का त्यौहार:रक्षाबंधन

रक्षा बंधन एक पारंपरिक हिंदू त्योहार है जो भाई-बहन के बीच प्रेम, सुरक्षा और कर्तव्य के बंधन को मनाने के लिए मनाया जाता है। यह पर्व आम तौर पर श्रावण मास की पूर्णिमा को आता है (जुलाई-अगस्त के महीने में)।

🔸 रक्षा बंधन का महत्व:

  • बहन अपने भाई की कलाई पर राखी (सुरक्षा सूत्र) बांधती है।
  • भाई अपनी बहन को सुरक्षा देने का वचन देता है।
  • भाई बहन को उपहार भी देता है।
  • यह त्योहार पारिवारिक रिश्तों को मजबूत करने का एक माध्यम होता है।

🔸 रक्षा बंधन के पीछे की कुछ कथाएं:

  1. द्रौपदी और श्रीकृष्ण – जब द्रौपदी ने कृष्ण की उंगली से खून बहते देखा, तो उसने अपनी साड़ी फाड़कर बांध दी। बदले में कृष्ण ने उसकी रक्षा का वचन दिया।
  2. रानी कर्णावती और हुमायूं – रानी कर्णावती ने मुग़ल बादशाह हुमायूं को राखी भेजकर सहायता मांगी थी।

🔸 आधुनिक दौर में:

  • अब रक्षा बंधन केवल सगे भाई-बहनों तक सीमित नहीं है। कई लोग इसे रक्षाबंधन का प्रतीकात्मक अर्थ लेकर अपने मित्रों, सैनिकों, या समाज के रक्षकों को राखी बांधते हैं।

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