गुरु पूर्णिमा पर विद्यार्थियों ने किया गुरु वंदन, निबंध प्रतियोगिता के विजेताओं का हुआ सम्मान



पिथौरा। विद्यार्थियों में गुरु के प्रति सम्मान, कृतज्ञता तथा भारतीय संस्कृति के आदर्श मूल्यों का विकास करने के उद्देश्य से शासकीय उच्च प्राथमिक शाला कसहीबाहरा में गुरु पूर्णिमा का आयोजन श्रद्धा एवं उत्साह के साथ किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना से हुआ। इसके पश्चात विद्यार्थियों ने गुरु वंदना गीत प्रस्तुत कर शिक्षकों का तिलक-वंदन किया तथा चरण स्पर्श कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया।
इस अवसर पर संस्था प्रमुख हेमंत खुटे ने गुरु पूर्णिमा की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए संत कबीरदास के प्रसिद्ध दोहे “गुरु गोविंद दोऊ खड़े, काके लागूं पाय…” का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में गुरु का स्थान भगवान से भी श्रेष्ठ माना गया है, इसलिए प्रत्येक विद्यार्थी को अपने गुरु का सदैव सम्मान करना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों को महाभारतकालीन आरुणि की गुरुभक्ति की प्रेरक कथा भी सुनाई।
शिक्षक दिलीप कुमार पटेल ने अपने संबोधन में कहा कि गुरु के मार्गदर्शन के बिना ज्ञान की प्राप्ति संभव नहीं है तथा जीवन में सफलता के लिए गुरु का सम्मान और उनके बताए मार्ग पर चलना आवश्यक है।
कार्यक्रम के दौरान ‘गुरु का जीवन में महत्व ‘ विषय पर निबंध प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को नोटबुक एवं कलम प्रदान कर सम्मानित किया गया। प्रथम स्थान कुलदीप पटेल, द्वितीय स्थान शुभम विश्वकर्मा तथा तृतीय स्थान भोमेश पटेल ने प्राप्त किया।
अंत में संस्था प्रमुख हेमंत खुटे ने सभी विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को गुरु के आदर्शों पर चलने का संकल्प दिलाया। वृक्षारोपण एवं सामूहिक प्रार्थना के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।